मुंबई में जल्द शुरू होंगे सात एसटीपी
मुंबई, मुंबई में सात मलजल शोधन केंद्र (एसटीपी) शुरू करने की योजना बनाई गई है। इनके काम चल रहे हैं। पर्यावरण व जलवायु परिवर्तन मंत्री पंकजा मुंडे ने उम्मीद जताई है कि साल 2028 तक ये एसटीपी शुरू हो जाएंगे।
मनपा मुख्यालय में सोमवार को मंत्री पंकजा मुंडे की अध्यक्षता में समीक्षा बैठक का आयोजन किया गया था। इस दौरान पंकजा ने मुंबई में कचरा प्रबंधन, मलजल निकासी और मिठी नदी के प्रदूषण को नियंत्रित करने के लिए मुंबई मनपा के प्रयासों की प्रशंसा की। उन्होंने कहा कि मिठी नदी के पुनरुद्धार का काम चरणबद्ध तरीके से किया जा रहा है।
निर्माण एवं तोड़फोड़ से निकलने वाले मलबे के प्रबंधन के लिए विकसित निगरानी प्रणाली पर अब तक 255 प्रतिष्ठानों ने पंजीकरण कराया है। ‘मुंबई डेब्रिज कंट्रोल एंड ट्रैकिंग सिस्टम’ (एमडीसीटीएस) शुरू किया गया है। शहर में कचरा जमा होने वाले 231 संवेदनशील स्थानों को खत्म करने के प्रयास जारी हैं। कचरे से ऊर्जा तैयार करने के लिए भी परियोजनाएं विकसित की जा रही हैं। ठोस कचरे का प्रबंधन चुनौतीपूर्ण है। इसे अधिक प्रभावी बनाने के लिए कचरे का पृथक्करण जरूरी है। उन्होंने नागरिकों से गीले और सूखे कचरे को अलग-अलग करके देने और स्वच्छता बनाए रखने की अपील की है।
बैठक में ठोस कचरा प्रबंधन, मलजल निकासी और मिठी नदी के पुनरुद्धार से जुड़े कार्यों की जानकारी दी गई। इस मौके पर मुंबई की महापौर रितू तावड़े, उपमहापौर संजय घाड़ी, मनपा आयुक्त अश्विनी भिड़े, अतिरिक्त आयुक्त (परियोजना) अभिजीत बांगर सहित वरिष्ठ अधिकारी मौजूद थे।