Semicon India 2026 शुरू: भारत के सेमीकंडक्टर मिशन को मिलेगी नई रफ्तार, दिग्गज कंपनियों की भागीदारी
नई दिल्ली। भारत में सेमीकंडक्टर निर्माण और इलेक्ट्रॉनिक्स मैन्युफैक्चरिंग इकोसिस्टम को मजबूत करने के उद्देश्य से Semicon India 2026 का आयोजन आज, 17 सितंबर 2026 से शुरू हो गया है। तीन दिवसीय यह कार्यक्रम 17 से 19 सितंबर तक चलेगा। इसमें वैश्विक और भारतीय सेमीकंडक्टर उद्योग की प्रमुख कंपनियां, निवेशक, नीति-निर्माता, टेक्नोलॉजी विशेषज्ञ और स्टार्टअप जगत के प्रतिनिधि हिस्सा ले रहे हैं। Semicon India 2026 में सेमीकंडक्टर सेक्टर की कई बड़ी वैश्विक कंपनियों की भागीदारी है। इनमें Intel, AMD, Micron और ASML के साथ भारतीय कंपनी Tata Electronics भी शामिल है। कार्यक्रम के जरिए भारत में चिप डिजाइन, निर्माण, पैकेजिंग, टेस्टिंग और सप्लाई चेन से जुड़े अवसरों पर चर्चा हो रही है। सेमीकंडक्टर उद्योग में वैश्विक कंपनियों के साथ साझेदारी और भारत में निवेश बढ़ाना भी कार्यक्रम के प्रमुख विषयों में शामिल है। Semicon India 2026 का एक प्रमुख फोकस भारत में chip manufacturing capacity विकसित करना है। इलेक्ट्रॉनिक्स और ऑटोमोबाइल से लेकर मोबाइल फोन, टेलीकॉम, आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस और डिफेंस टेक्नोलॉजी तक, सेमीकंडक्टर की मांग लगातार महत्वपूर्ण बनी हुई है। भारत सरकार लंबे समय से देश में सेमीकंडक्टर निर्माण को बढ़ावा देने के लिए निवेश और प्रोत्साहन आधारित नीतियों पर काम कर रही है। ऐसे में इस आयोजन को उद्योग और सरकार के बीच सहयोग बढ़ाने के एक मंच के रूप में देखा जा रहा है। कार्यक्रम के दौरान भारत में सेमीकंडक्टर क्षेत्र में नए निवेश, मैन्युफैक्चरिंग यूनिट, तकनीकी सहयोग और वैश्विक सप्लाई चेन से जुड़े विषयों पर चर्चा होगी। भारत का लक्ष्य केवल सेमीकंडक्टर का बड़ा उपभोक्ता बाजार बने रहना नहीं, बल्कि चिप डिजाइन और निर्माण से लेकर असेंबली, पैकेजिंग और टेस्टिंग तक पूरी वैल्यू चेन में अपनी क्षमता विकसित करना है। सेमीकंडक्टर उद्योग के विस्तार के लिए बड़ी संख्या में प्रशिक्षित इंजीनियरों और तकनीकी विशेषज्ञों की जरूरत होगी। इसी वजह से talent development और skill development को भी Semicon India 2026 के प्रमुख फोकस क्षेत्रों में शामिल किया गया है। कार्यक्रम में उद्योग और शैक्षणिक संस्थानों के बीच सहयोग, नई तकनीकों पर प्रशिक्षण और भविष्य की जरूरतों के अनुरूप कुशल कार्यबल तैयार करने पर भी चर्चा होने की उम्मीद है। सेमीकंडक्टर आज आधुनिक अर्थव्यवस्था की लगभग हर महत्वपूर्ण तकनीक का आधार है। स्मार्टफोन और कंप्यूटर से लेकर इलेक्ट्रिक वाहन, डेटा सेंटर, AI सिस्टम और औद्योगिक मशीनरी तक में चिप्स की महत्वपूर्ण भूमिका है। ऐसे में भारत में स्थानीय सेमीकंडक्टर इकोसिस्टम विकसित होने से आयात पर निर्भरता कम करने, घरेलू मैन्युफैक्चरिंग बढ़ाने, रोजगार के अवसर पैदा करने और वैश्विक इलेक्ट्रॉनिक्स सप्लाई चेन में भारत की भूमिका बढ़ाने की दिशा में मदद मिल सकती है। Semicon India 2026 का आयोजन 17, 18 और 19 सितंबर को होगा। तीन दिनों के दौरान प्रदर्शनी, उद्योग संवाद, तकनीकी सत्र और निवेश से जुड़े कार्यक्रम आयोजित किए जाएंगे। कार्यक्रम में वैश्विक कंपनियों की भागीदारी के साथ भारत के सेमीकंडक्टर सेक्टर में चल रही परियोजनाओं, नई तकनीकों और भविष्य की संभावनाओं पर भी चर्चा होगी।Intel, AMD, Micron और ASML समेत दिग्गज कंपनियां शामिल
Chip Manufacturing पर खास फोकस
निवेश के अवसरों पर होगी चर्चा
Talent Development भी एजेंडे में
भारत के लिए क्यों महत्वपूर्ण है Semicon India 2026?
19 सितंबर तक चलेगा आयोजन
एक नजर में













