अवैध विस्फोटक बिक्री मामले में कार्रवाई के बाद ऑनलाइन मंचों ने 3,940 विक्रेताओं को हटाया

नई दिल्ली,  केंद्रीय उपभोक्ता संरक्षण प्राधिकरण (सीसीपीए) की सख्त कार्रवाई के बाद सात ई-कॉमर्स और ऑनलाइन मंचों ने 3,940 अवैध विस्फोटक (पटाखे और आतिशबाजी) के विक्रेताओं को अपने प्लेटफॉर्म से हटा दिया है। इसके साथ ही नियामक ने कुछ मामले में 10-10 लाख रुपये तक का जुर्माना भी लगाया है।

उपभोक्ता कार्य, खाद्य एवं सार्वजनिक वितरण मंत्रालय ने सोमवार को जारी एक बयान में बताया कि सीसीपीए की सख्त कार्रवाई करने के बाद सात ऑनलाइन मंचों से अमोनियम नाइट्रेट और अन्य विस्फोटक पदार्थों की अवैध बिक्री करने वाले करीब 3,940 विक्रेताओं को हटा दिया गया है। यह कदम उपभोक्ताओं की सुरक्षा और बिना लाइसेंस के पटाखों की ऑनलाइन बिक्री रोकने के लिए उठाया गया है।

मंत्रालय ने बताया कि सीसीपीए ने नियामकीय उल्लंघनों के खिलाफ अपनी कार्रवाई तेज करते हुए सभी सात ऑनलाइन मंच को कारण बताओ नोटिस जारी किए हैं। इनमें से कुछ कंपनियों पर जुर्माना भी लगाया गया है। सीसीपीए की जांच के दायरे में आए मंच में इंडियामार्ट, ट्रेडइंडिया, डायल4ट्रेड, जस्टडायल, सिग्मा-एल्ड्रिच इंडिया, एक्सपोर्ट्सइंडिया और आईबायकेमिकल्स शामिल हैं।

केंद्रीय उपभोक्ता संरक्षण प्राधिकरण ने बताया कि इस कार्रवाई का उद्देश्य उपभोक्ता सुरक्षा, सार्वजनिक सुरक्षा और जिम्मेदार ई-कॉमर्स गतिविधियों को मजबूत करना है। नियामक ने कहा कि इन 7 मंच पर कई विक्रेता अमोनियम नाइट्रेट, बारूद, पिक्रिक एसिड और पेंटाएरीथ्रिटॉल टेट्रानाइट्रेट (पीईटीएन) सहित विस्फोटक पदार्थों की अवैध बिक्री करते पाए गए।

सीसीपीए ने कहा कि इन मंच ने नियमों के उल्लंघन के मामले में 3,940 विक्रेताओं और उत्पाद सूची प्रविष्टियों को हटाने का विवरण उपलब्ध कराया गया है। ऑनलाइन मंच के खिलाफ कार्रवाई के संबंध में नियामक ने कहा कि वह अबतक दो मंच के खिलाफ तीन मामलों में अंतिम आदेश जारी कर चुका है।

नियामक ने कहा कि अमोनियम नाइट्रेट की बिक्री के मामले में डायल4ट्रेड और अमोनियम नाइट्रेट तथा पीईटीएन की बिक्री के मामले में एक्सपोर्ट्सइंडिया (वेबलिंक.इन प्राइवेट लिमिटेड) पर 10-10 लाख रुपये का जुर्माना लगाया गया है। इसके अलावा, एक्सपोर्ट्सइंडिया पर पिक्रिक एसिड की बिक्री के मामले में भी 10 लाख रुपये का जुर्माना लगाया गया है। सीसीपीए ने बताया कि तीन मामलों की जांच जारी है।

वहीं, सिग्मा-एल्ड्रिच केमिकल्स प्राइवेट लिमिटेड के खिलाफ अमोनियम नाइट्रेट, पीईटीएन और पिक्रिक एसिड की ऑनलाइन सूचीबद्धता, उन्हें मंच पर उपलब्ध कराने, विज्ञापन करने और उनकी बिक्री में मदद करने के मामले में जांच की जा रही है। नियामक इन्फोकॉम नेटवर्क प्राइवेट लिमिटेड की कंपनी ट्रेडइंडिया के खिलाफ पिक्रिक एसिड और पीईटीएन की ऑनलाइन सूचीबद्धता, उन्हें मंच पर उपलब्ध कराने, विज्ञापन करने और उनकी बिक्री में मदद करने के मामले की जांच कर रहा है। वहीं, आईबायकेमिकल्स के खिलाफ पिक्रिक एसिड की ऑनलाइन सूचीबद्धता, उसे मंच पर उपलब्ध कराने, विज्ञापन करने और उसकी बिक्री में मदद करने के मामले में जांच चल रही है।

मंत्रालय ने कहा कि नियामक ने उपभोक्ता संरक्षण अधिनियम, उपभोक्ता संरक्षण (ई-कॉमर्स) नियम, 2020, विस्फोटक अधिनियम और अमोनियम नाइट्रेट नियम, 2012 के प्रावधानों के तहत कार्रवाई शुरू की है। मौजूदा नियमों के तहत डिजिटल मंच पर विनियमित और खतरनाक विस्फोटक पदार्थों की अनधिकृत सूचीबद्धता, उन्हें मंच पर उपलब्ध कराने, विज्ञापन करने और उनकी बिक्री में मदद करने पर रोक है।