राहरगोड़ा में ओवरब्रिज-अंडरपास बनाने की मांग को लेकर सड़क जाम और विरोध-प्रदर्शन
पूर्वी सिंहभूम, परसुडीह थाना क्षेत्र के राहरगोड़ा रेलवे फाटक पर वर्षों से लंबित ओवरब्रिज और अंडरपास निर्माण की मांग को लेकर रविवार को स्थानीय लोगों का आक्रोश खुलकर सामने आया। सैकड़ों ग्रामीणों ने सड़क पर उतरकर टायर जलाए, धरना-प्रदर्शन किया और मुख्य मार्ग को जाम कर रेलवे प्रशासन तथा रेल मंत्रालय के खिलाफ जमकर नारेबाजी की।
जुगसलाई विधायक मंगल कालिंदी के प्रतिनिधि मिथुन चक्रवर्ती और उत्तर पश्चिम गदरा पंचायत की मुखिया सुनीता नाग के नेतृत्व में आयोजित इस प्रदर्शन में बड़ी संख्या में ग्रामीण, सामाजिक कार्यकर्ता और स्थानीय जनप्रतिनिधि शामिल हुए। प्रदर्शनकारियों ने आरोप लगाया कि लंबे समय से क्षेत्रवासियों की मांगों की अनदेखी की जा रही है, जबकि रेलवे फाटक पर लगने वाले जाम और दुर्घटनाओं की समस्या लगातार गंभीर होती जा रही है।
प्रदर्शन को संबोधित करते हुए मिथुन चक्रवर्ती ने कहा कि राहरगोड़ा, सलगाझुड़ी, बारीगोड़ा और गोविंदपुर रेलवे फाटक पर प्रतिदिन घंटों जाम की स्थिति बनी रहती है। इससे हजारों लोगों का जनजीवन प्रभावित हो रहा है। उन्होंने कहा कि फाटक लंबे समय तक बंद रहने के कारण मरीजों को अस्पताल पहुंचने में देरी होती है, विद्यार्थियों की पढ़ाई प्रभावित होती है और कामकाजी लोगों को समय पर अपने गंतव्य तक पहुंचने में भारी कठिनाइयों का सामना करना पड़ता है।
उन्होंने कहा कि दशकों से आबाद इस क्षेत्र को शहर से जोड़ने वाला यह प्रमुख मार्ग है, लेकिन इसके बावजूद समस्या के स्थायी समाधान की दिशा में कोई ठोस कदम नहीं उठाया गया। उन्होंने आरोप लगाया कि राज्य के कई छोटे और कम आबादी वाले क्षेत्रों में रेलवे अंडरपास तथा अन्य बुनियादी सुविधाओं का निर्माण कराया जा चुका है, जबकि घनी आबादी वाले इस क्षेत्र की लगातार उपेक्षा की जा रही है।
प्रदर्शनकारियों ने यह भी दावा किया कि चुनाव से पहले ओवरब्रिज और अंडरपास निर्माण का शिलान्यास किया गया था, जिससे लोगों में उम्मीद जगी थी। हालांकि तीन वर्ष बीत जाने के बाद भी निर्माण कार्य शुरू नहीं हो सका, जिससे स्थानीय लोगों में निराशा और नाराजगी बढ़ती जा रही है।
मुखिया सुनीता नाग ने कहा कि रेलवे फाटक पर लगातार हो रही दुर्घटनाएं और जाम की समस्या क्षेत्रवासियों की सुरक्षा के लिए गंभीर खतरा बन चुकी हैं। उन्होंने कहा कि यदि जल्द ही निर्माण कार्य शुरू नहीं कराया गया, तो क्षेत्र की विभिन्न पंचायतों के लोग एकजुट होकर व्यापक जनआंदोलन छेड़ेंगे।
उन्होंने चेतावनी देते हुए कहा कि प्रशासन और रेलवे विभाग की उदासीनता जारी रही तो भविष्य में चक्का जाम, रेलवे स्टेशन घेराव और अन्य लोकतांत्रिक आंदोलनात्मक कार्यक्रमों का आयोजन किया जाएगा। प्रदर्शनकारियों ने सरकार और रेलवे प्रशासन से जल्द से जल्द ओवरब्रिज एवं अंडरपास निर्माण कार्य शुरू कर क्षेत्र की वर्षों पुरानी समस्या का स्थायी समाधान करने की मांग की।
प्रदर्शन के दौरान कुछ समय के लिए यातायात भी प्रभावित रहा। हालांकि बाद में स्थानीय प्रशासन और पुलिस की मौजूदगी में स्थिति सामान्य हुई। क्षेत्रवासियों ने स्पष्ट किया कि जब तक उनकी मांगों पर ठोस कार्रवाई नहीं होती, तब तक आंदोलन जारी रहेगा।














