रांची (RANCHI): पश्चिम बंगाल के मुख्यमंत्री शुभेंदु अधिकारी ने शुक्रवार सुबह पूर्व प्रधानमंत्री एवं भारत रत्न लाल बहादुर शास्त्री की जयंती पर उन्हें श्रद्धांजलि दी। उन्होंने समाज माध्यम पर पोस्ट कर शास्त्री जी को सादगी, ईमानदारी और निर्णायक नेतृत्व की मिसाल बताया।


शास्त्री जी का जीवन निस्वार्थ जनसेवा का आदर्श है: शुभेंदु 

शुभेंदु अधिकारी ने अपने संदेश में कहा कि लाल बहादुर शास्त्री का अमर आह्वान ‘जय जवान, जय किसान’ आज भी देश को प्रेरणा देता है। उन्होंने देश की सीमाओं की रक्षा करने वाले सैनिकों के अदम्य साहस और करोड़ों लोगों का पेट भरने वाले किसानों के अथक परिश्रम को नमन किया। उन्होंने कहा कि विनम्रता और दृढ़ संकल्प के साथ देश का नेतृत्व करने वाले शास्त्री जी का जीवन निस्वार्थ जनसेवा का आदर्श बना हुआ है।

उत्तर प्रदेश के मुगलसराय में हुआ था लाल बहादुर शास्त्री का जन्म 

लाल बहादुर शास्त्री का जन्म दो अक्टूबर 1904 को उत्तर प्रदेश के मुगलसराय में हुआ था। वे नौ जून 1964 को देश के प्रधानमंत्री बने और 11 जनवरी 1966 तक इस पद पर रहे। इससे पहले उन्होंने केंद्र सरकार में रेल, परिवहन एवं संचार, वाणिज्य एवं उद्योग और गृह मंत्रालय सहित कई महत्वपूर्ण जिम्मेदारियां संभाली थीं। रेल मंत्री के रूप में एक बड़ी रेल दुर्घटना के बाद नैतिक जिम्मेदारी लेते हुए उन्होंने अपने पद से इस्तीफा दिया था। प्रधानमंत्री कार्यालय के आधिकारिक विवरण में उनके इस कदम को उनकी उच्च नैतिकता और संवैधानिक मर्यादा से जोड़ा गया है।


11 जनवरी 1966 को ताशकंद में उनका निधन हुआ। उनका सार्वजनिक जीवन सादगी, कर्तव्यनिष्ठा और देशसेवा के लिए जाना जाता है। ‘जय जवान, जय किसान’ का उनका संदेश आज भी भारतीय जनजीवन में स्मरण किया जाता है।