नालंदा विश्वविद्यालय में पासपोर्ट सेवा मोबाइल वैन शिविर, 55 लाभार्थियों को मिला लाभ
राजगीर, विदेश मंत्रालय की जन-केंद्रित पहल “पासपोर्ट
सेवा-आपके द्वार पर पासपोर्ट” के तहत क्षेत्रीय पासपोर्ट कार्यालय पटना
द्वारा नालंदा विश्वविद्यालय, राजगीर परिसर में एक दिवसीय पासपोर्ट सेवा
मोबाइल वैन शिविर का सफल आयोजन किया गया। इस विशेष शिविर का उद्देश्य
विश्वविद्यालय से जुड़े छात्रों, शिक्षकों, अधिकारियों और शैक्षणिक समुदाय
को परिसर के भीतर ही पासपोर्ट सेवाएं उपलब्ध कराना था।
इस पहल के
माध्यम से पासपोर्ट आवेदन प्रक्रिया को सरल और सुलभ बनाने पर जोर दिया गया।
शिविर में कुल 55 लाभार्थियों ने पासपोर्ट संबंधी सेवाओं का लाभ उठाया।
इससे पहले शिविर का उद्घाटन भारतीय विदेश सेवा 1993 बैच के राजदूत सिबी
जॉर्ज, सचिव (पश्चिम), विदेश मंत्रालय तथा नालंदा विश्वविद्यालय के कुलपति
प्रोफेसर सचिन चतुर्वेदी द्वारा किया गया।
मोबाइल वैन के माध्यम से
आवेदकों को एक ही स्थान पर संपूर्ण पासपोर्ट प्रक्रिया की सुविधा दी गई।
इसमें दस्तावेज़ सत्यापन, बायोमेट्रिक डेटा संग्रहण और आवेदन जमा करने जैसी
सभी प्रक्रियाएं शामिल थीं। व्यस्त शैक्षणिक कार्यक्रम के बीच इस सुविधा
ने आवेदकों का समय बचाया और उनकी पढ़ाई व अन्य गतिविधियों पर कोई विशेष
प्रभाव नहीं पड़ा।
शिविर में विशेष रूप से उन छात्रों की सक्रिय
भागीदारी देखने को मिली, जो उच्च शिक्षा, शोध या अंतरराष्ट्रीय अवसरों के
लिए विदेश जाने की योजना बना रहे हैं। इस पहल ने न केवल सेवाओं की पहुंच को
बढ़ाया, बल्कि आवेदन प्रक्रिया को अधिक प्रभावी और सहज भी बनाया।
विश्वविद्यालय
प्रशासन ने इस आयोजन को सफल बनाने में महत्वपूर्ण भूमिका निभाई। यह शिविर
नालंदा विश्वविद्यालय और विदेश मंत्रालय के संयुक्त प्रयासों का प्रतीक है,
जो युवाओं को वैश्विक अवसरों से जोड़ने और जनसेवाओं की पहुंच को विस्तार
देने के प्रति अपनी प्रतिबद्धता को दर्शाता है।














