शराब घोटाला मामले में ईडी ने पूर्व वित्त मंत्री रामेश्वर उरांव से की नौ घंटे की पूछताछ
रांची, प्रवर्तन निदेशालय (ईडी) ने शराब घोटाला मामले में
पूर्व वित्त मंत्री रामेश्वर उरांव से पूछताछ के बाद उन्हें घर जाने की
अनुमति दे दी। वह रात 8 बजे रांची के हिनू स्थित ईडी के क्षेत्रीय
कार्यालय से अपने घर के लिए रवाना हुए। ईडी की ओर से जारी किये गये समन के
आलोक में वह मंगलवार को निर्धारित समय पर सुबह 11 बजे ईडी कार्यालय पहुंचे
थे।
आधिकारिक सूत्रों में बताया कि आवश्यक कागजी प्रक्रिया पूरी
करने के बाद ईडी ने उनसे शराब घोटाले के सिलसिले में पूछताछ की। वह अपने
साथ ईडी के जरिये मांगे गये आवश्यक दस्तावेज भी साथ लाये थे। उनके द्वारा
सौंपे गये दस्तावेज की जांच के बाद ईडी आगे कोई फैसला करेगी। ईडी ने उरांव
से लगभग नौ घंटे तक पूछताछ की। इस दौरान उनसे योगेन्द्र तिवारी के बारे में
भी पूछताछ की गई।
ईडी कार्यालय के बाहर रामेश्वर उरांव ने
पत्रकारों के किसी भी सवाल का जवाब नहीं दिया। उन्होंने कहा कि मैं 25 साल
पुलिस में रहा हूं। कोई भी गवाह बाहर बयान नहीं देता है, हमें जो भी कहना
है, हम ईडी के समक्ष कहेंगे।
ईडी ने इससे पहले रोहित उरांव को 29
जून और रामेश्वर उरांव को 30 जून को पूछताछ के लिए बुलाया था। हालांकि,
दोनों निर्धारित तारीख पर पेश नहीं हुए थे। उन्होंने ईडी से तीन सप्ताह का
अतिरिक्त समय मांगा था।
दोनों के अनुरोध पर विचार करने के बाद ईडी
ने तीन सप्ताह की बजाय एक सप्ताह का समय दिया। इसके बाद रोहित उरांव को 6
जुलाई और रामेश्वर उरांव को 7 जुलाई को पूछताछ के लिए उपस्थित होने का
दूसरा समन जारी किया गया। छह जुलाई को पूर्व वित्त मंत्री रामेश्वर उरांव
के पुत्र रोहित ईडी के सामने उपस्थित हुए थे।
दोनों के अनुरोध पर
विचार करने के बाद ईडी ने तीन सप्ताह की बजाय एक सप्ताह का समय दिया। इसके
बाद रोहित उरांव को छह जुलाई और रामेश्वर उरांव को 7 जुलाई को पूछताछ के
लिए उपस्थित होने का दूसरा समन जारी किया गया। छह जुलाई को रोहित ईडी के
सामने उपस्थित हुए थे। उल्लेखनीय है कि ईडी योगेंद्र तिवारी से जुड़े कथित
शराब घोटाले की जांच के सिलसिले में यह पूछताछ कर रही है। इसी मामले में
पूर्व वित्त मंत्री रामेश्वर उरांव को दोबारा समन भेजकर रांची स्थित ईडी
कार्यालय में उपस्थित होने का निर्देश दिया गया था। वर्ष 2023 में कथित
शराब घोटाले और उससे जुड़े धन शोधन मामले की जांच के दौरान ईडी ने झारखंड
के विभिन्न जिलों में 32 से अधिक ठिकानों पर एक साथ छापेमारी की थी। इस
कार्रवाई के दौरान रामेश्वर उरांव के आवास की भी तलाशी ली गई थी। ईडी ने उस
समय वहां से लगभग 30 लाख रुपये नकद बरामद करने का दावा किया था। जांच
एजेंसी कथित अवैध वित्तीय लेन-देन, शराब कारोबार से जुड़े नेटवर्क और धन
शोधन के आरोपों की विभिन्न पहलुओं से जांच कर रही है।














