देव दीपावली के मौके पर परमान नदी का त्रिशूलिया घाट 5051 दीपों से जगमगा उठा।मौके पर विश्व हिंदू परिषद की ओर से परमान नदी किनारे भव्य महाआरती का आयोजन किया गया।जिसमें वाराणसी से आए पंडितों ने वैदिक मंत्रोच्चार के साथ महाआरती कर मनमोहक छंटा प्रस्तुत किया।

वाराणसी से विशेष रूप से पांच पंडितों को आमंत्रित किया गया था,जो विधि-विधान, मंत्रोच्चार और वैदिक परंपराओं के साथ महाआरती को संपन्न कराया। घाट को रंग-बिरंगे फूलों और गुलाल से सजाया गया था।

मौके पर भारी संख्या में सुरक्षा बलों की तैनाती की गई थी।सुरक्षा व्यवस्था में विहिप के कार्यकर्ता भी मौजूद थे।श्रद्धालुओं की सुविधा के लिए आयोजन स्थल तक पहुंचने के लिए अलग सेपार्किंग की व्यवस्था की गई थी। इस कार्यक्रम में सैकड़ों महिलाएं, बच्चे और पुरुष शामिल हुए।

आयोजनकर्ताओं ने बताया कि यह परंपरा पिछले पांच वर्षों से निरंतर जारी है।आयोजन हिंदू संस्कृति की जीवंतता को दर्शाता है और आने वाले वर्षों में इसे और भव्य बनाया जाएगा।देव दीपावली कार्तिक पूर्णिमा पर मनाई जाती है और इसे मां गंगा की आराधना का पर्व माना जाता है।