आसनसोल तथा दुर्गापुर में भाजपा की विशेष कार्यशाला आयोजित
आसनसोल, पश्चिम
बर्दवान के आसनसोल और दुर्गापुर में विधानसभा चुनाव 2026 की मतगणना से
पहले भारतीय जनता पार्टी ने संगठन को मजबूत करने के उद्देश्य से विशेष
बैठकों और कार्यशालाओं का आयोजन किया। 4 मई को होने वाली मतगणना को देखते
हुए पार्टी ने उम्मीदवारों, काउंटिंग एजेंटों और संगठनात्मक पदाधिकारियों
को पूरी तरह तैयार करने पर जोर दिया है।
आसनसोल में शहर के एक निजी
होटल में आयोजित कार्यशाला में पुरुलिया जोन के अंतर्गत आने वाले विभिन्न
जिलों के उम्मीदवारों ने हिस्सा लिया। इस कार्यशाला में केंद्रीय नेतृत्व
के साथ-साथ बांधकुड़ा, पुरुलिया, विष्णुपुर और आसनसोल संगठनात्मक जिलों के
भाजपा प्रत्याशी, चुनाव एजेंट और कन्वेनर मौजूद रहे। दलीय सूत्रों के
अनुसार, कार्यशाला का मुख्य उद्देश्य मतगणना के दिन एजेंटों की भूमिका को
स्पष्ट करना, मतगणना की प्रक्रिया के विभिन्न चरणों की जानकारी देना और
चुनाव आयोग के दिशा-निर्देशों के अनुसार कार्य करने का प्रशिक्षण देना था।
साथ ही संभावित परिस्थितियों से निपटने की रणनीति पर भी विस्तार से चर्चा
की गई।
इस कार्यशाला में कुल 28 भाजपा उम्मीदवारों ने भाग लिया।
पश्चिम बर्धमान जिले की 6 विधानसभा सीटों के उम्मीदवारों में जितेंद्र
तिवारी, डॉ अजय पोद्दार, अग्निमित्रा पाल और अरिजीत राय के साथ जिला
अध्यक्ष देवतनु भट्टाचार्य, अपूर्व हजरा सहित अन्य जिला कमेटी के पदाधिकारी
भी उपस्थित रहे।
डॉ अजय पोद्दार ने बताया कि पुरुलिया जोन के
अंतर्गत आने वाले जिलों के उम्मीदवारों और केंद्रीय व जिला नेतृत्व को इस
कार्यशाला में आमंत्रित किया गया था। उन्होंने कहा कि मतगणना को लेकर
पार्टी पूरी तरह तैयार है और इसे लेकर विस्तृत रणनीति बनाई गई है। उन्होंने
यह भी कहा कि हाल के चुनावी अनुभवों को देखते हुए कुछ आशंकाएं जरूर हैं,
लेकिन चुनाव आयोग द्वारा उठाए गए मजबूत कदम सराहनीय हैं और लोकतांत्रिक
प्रक्रिया में भरोसा बनाए रखना जरूरी है।
वहीं, दुर्गापुर में भी
भाजपा की ओर से एक महत्वपूर्ण बैठक आयोजित की गई। एक निजी होटल में आयोजित
इस बैठक में पार्टी के उम्मीदवारों, काउंटिंग एजेंटों और संगठनात्मक नेताओं
को मतगणना से पहले अंतिम दिशा-निर्देश दिए गए। पार्टी सूत्रों के अनुसार,
इस बैठक में सुनील बंसल, सतीश धान और भूपेंद्र यादव बर्दवान, कटवा, बीरभूम
और बोलपुर के चार संगठनात्मक जिलों के 28 उम्मीदवारों और काउंटिंग एजेंटों
के साथ रणनीतिक चर्चा करेंगे।
मतगणना से पहले इस तरह की तैयारियों
को भाजपा संगठन के लिए बेहद अहम माना जा रहा है, ताकि परिणाम के दिन पार्टी
पूरी तरह संगठित, सतर्क और प्रभावी तरीके से अपनी भूमिका निभा सके।















