पटना (PATNA): बिहार के मुजफ्फरपुर शहर के सदर थाना क्षेत्र अंतर्गत गोबरसही-डुमरी इलाके में सोमवार को नाला निर्माण के दौरान जेसीबी से खुदाई करते समय भूमिगत पीएनजी गैस पाइपलाइन क्षतिग्रस्त हो गई। इससे गैस रिसाव के बाद जोरदार धमाका हुआ। हादसे में एक युवक की मौत हो गई, जबकि 10 से अधिक लोग घायल और झुलस गए हैं।

एक व्यक्ति की मौके पर ही हुई मौत


स्थानीय लोगों के अनुसार, इलाके में नाला निर्माण का काम चल रहा था। इसी दौरान जेसीबी से खुदाई करते समय जमीन के नीचे बिछी पीएनजी गैस पाइपलाइन फट गई। पाइपलाइन से गैस का रिसाव होने के बाद अचानक जोरदार धमाका हुआ। इसकी चपेट में आने से एक व्यक्ति की मौके पर ही मौत हो गई, जबकि कई अन्य लोग झुलसकर घायल हो गए।

आसपास के कई घरों और दीवारों को भी पहुंचा नुकसान 

धमाके की तीव्रता इतनी अधिक थी कि आसपास के कई घरों और दीवारों को भी नुकसान पहुंचा है। घटना की सूचना मिलते ही पुलिस और अग्निशमन विभाग की टीमें मौके पर पहुंचीं। दमकलकर्मियों ने आग पर काबू पाने के साथ राहत एवं बचाव कार्य शुरू किया। घायलों को उपचार के लिए अस्पताल भेजा जा रहा है।

प्रशासन की ओर से घटनास्थल पर राहत और बचाव कार्य जारी

घटनास्थल पर एसडीएम पूर्वी आनंद उत्सव, टाउन-2 के सीडीपीओ दीपक कुमार और जिला अग्निशमन पदाधिकारी प्रज्ञा शरण समेत कई अधिकारी पहुंचे। अब तक एक शव और एक घायल को मुजफ्फरपुर के श्रीकृष्ण मेडिकल कॉलेज एवं अस्पताल (एसकेएमसीएच) भेजे जाने की जानकारी मिली है। प्रशासन की ओर से घटनास्थल पर राहत एवं बचाव कार्य जारी है।

सांसद ने जताया गहरा दुख, जताई चिंता 

घटना पर केंद्रीय जलशक्ति राज्य मंत्री एवं मुजफ्फरपुर के सांसद डॉ. राजभूषण चौधरी निषाद ने गहरा दुख और चिंता व्यक्त की है। उन्होंने हादसे में प्रभावित परिवारों के प्रति संवेदना जताते हुए इसे अत्यंत दुखद घटना बताया।

एजेंसियों को तत्काल राहत और बचाव कार्य तेज करने का निर्देश 

केंद्रीय मंत्री ने जिला प्रशासन और संबंधित एजेंसियों को तत्काल राहत एवं बचाव कार्य तेज करने का निर्देश दिया। उन्होंने कहा कि घायलों को बेहतर चिकित्सा सुविधा उपलब्ध कराने और प्रभावित परिवारों को आवश्यक सहायता देने में किसी तरह की देरी नहीं होनी चाहिए। सांसद ने घटना की निष्पक्ष जांच कराने पर भी जोर दिया। उन्होंने कहा कि यदि जांच में सुरक्षा मानकों की अनदेखी या किसी स्तर पर लापरवाही सामने आती है, तो संबंधित दोषियों के खिलाफ कठोर कार्रवाई की जानी चाहिए। उन्होंने कहा कि इस कठिन समय में प्रशासन और संबंधित एजेंसियों की प्राथमिकता प्रभावित लोगों को हरसंभव सहायता, सुरक्षा और बेहतर उपचार उपलब्ध कराना होना चाहिए।